लैंगिक असमानता

बनाने वालों ने इस फील्ड में भी मर्दों के साथ नाइंसाफी की है। आपको पता है एक तरफ जहां पुरुषों का ऑर्गेजम मात्र 6 सेकंड तक के लिए होता है, वहीं महिलाओं में यह 23 सेकंड तक रहता है